On Daily receiving Good Morning messages..
रितुऐ आती है ..जाती है..
पर कुछ फूल है.. जो रोज खिलते है..
कुलविंदर की क्यारी से...
महकते हुये...
और बताते है.. एक प्यारी सुबह हो चुकी है.. ..
On NRC And CAB
मै कौन ... मै शरीर या आत्मा...
मै झन्कार से शबनम बन जाऊँगी ...
कोई दिक्कत नही मुझे धर्म परिवर्तन मे.
ना नमाज़ पढ़े लोग...
ना पूजा करे लोग...
बस घर बैढे news सुन..
कुफ़्र बके लोग..
ना हिन्दु ना मुस्लिम ...
सब काफ़िर लोग...
तुम हिन्दी बोलो या उर्दू...
बस देख लो...
तुम्हारी ज़ुबान नफ़रत उगल रही है या मुहोब्बत ...
और तुम देश मे नही रहते.. देश तुममें रहता है...
तुम ठीक... मुहब्बती... respecting all...
your country will also be...
कोई भी आये...
कोई भी जाये...
बस मुहब्बत रहे.. सबमे.
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